School Grant : समग्र शिक्षा के वार्षिक कार्य योजना एवं बजट सत्र 2024-25 में राज्य के 43570 शासकीय प्राथमिक/उच्च प्राथमिक शाला को 11052.050 लाख एवं 4645 हाई/हायर सेकेण्डरी शालाओं को शाला अनुदान की राशि की स्वीकृति प्रदान की गई है । शासकीय प्राथमिक, पूर्व माध्यमिक शालाओं एवं हाई/हायर सेकेण्डरी शालाओं में राशि जारी कर व्यय के लिये प्रशासकीय एवं वित्तीय स्वीकृति प्रदान गयी है।
शाला अनुदान मद 202४-२५
school grants utility
शाला अनुदान मद प्रशासकीय एवं वित्तीय स्वीकृति
शाला अनुदान राशि [school grants utility] विवरण-
सत्र 2024-25 में स्कूलों को विभिन्न मदों में राशि (School Grant) प्रदान किया गया है। जिसका उपयोग मद अनुसार आपके द्वारा किया जाना है । नीचे विभिन्न मदों में प्राप्त राशि का विवरण दिया जा रहा है। सत्र 2024-25 में सभी प्राथमिक / पूर्व माध्यमिक शाला एवं हाई/हायर सेकेण्डरी शालाओं को निम्नानुसार अनुदान राशि (School Grant) प्राप्त हुई है। इन मदों में राशि अलग अलग किस्तों में स्कूलों को जारी किये गए है – जिसका विवरण नीचे बताया गया है। यहाँ पर प्राथमिक और पूर्व माध्यमिक शाला एवं हाई/हायर सेकेण्डरी शालाओं को School Grant जारी किये गए अनुदान की राशि का विवरण बताया जा रहा है। जो इस प्रकार है –
दर्ज संख्या | जारी राशि |
---|---|
01 से 30 तक | @10000.00 |
31 से 100 तक | @25000.00 |
101 से 250 तक | @50000.00 |
251 से 1000 तक | @75000.00 |
1000 से अधिक | @100000.00 |
शाला अनुदान मद का उपयोग निर्देश-
- बैठक आयोजन :-
- शाला अनुदान राशि का उपयोग किये जाने के पूर्व शाला प्रबंध समिति की बैठक आयोजित किये जावे एवं बैठक में समिति के सदस्यों को प्राप्त राशि की जानकारी दिया जाता है ।
- शाला प्रबंध समिति का अनुमोदन :-
- छ.ग. भण्डार क्रय नियम का पालन करते हुए शाला अनुदान मद की राशि का व्यय सुनिश्चित किया जाता है।
- सामग्री व्यय :-
- प्रदायित राशि का उपयोग आवश्यकतानुसार स्टेशनरी एवं अन्य कार्यालयीन उपयोग की सामग्री हेतु व्यय किया जाता है।
- सामग्री क्रय के उपरांत विद्यालयीन भण्डार पंजी में अनिवार्य रूप से दर्ज किया जाता है।
- व्यय का उल्लेख :-
- शाला अनुदान राशि व्यय किये जाने हेतु शाला प्रबंध समिति के चर्चा कर अनुमोदन प्राप्त किया जाता है।
- इसके पश्चात् उक्त राशि की आवश्यकतानुसार एवं प्राथमिकता तय करते हुए व्यय किया जाता है ।
- जिसे शाला विकास योजना (SDP) पर तैयार किया जाता है ।
शाला अनुदान के उपयोग निम्नलिखित बिन्दुओं में कर सकते है –
- प्रदायित अनुदान राशि में 10 प्रतिशत राशि का उपयोग स्वच्छता एक्शन प्लान (SAP) (स्वच्छता क्रियान्वयन योजना) हेतु व्यय किया जाना है।
- शाला का मरम्मत व रंग रोगन कर आकर्षक बनाना।
- शाला में प्रिंट रिंच वातावरण एवं आसपास से सीखने का माहौल बनाना।
- बच्चों के लिए लर्निंग कार्नर्स / मुस्कान पुस्तकालय तैयार करना ।
- प्रत्येक बच्चों की उपलब्धि के रिकार्ड रखने पोर्टफोलियो संधारण ।
- इंटरनेट की कनेक्शन हेतु आवश्यक व्यय ।
- बच्चों से विभिन्न रचनात्मक कार्यों के लिए कलर पेंसिल क्रेयान, ड्राइंगशीट, रबर, पेंसिल, स्लेट आदि ।
- प्राथमिकता बच्चों के सीखने से संबंधित माहौल तैयार करने हेतु किया जाता है।
ध्यान देने योग्य बातें :-
- दीर्घ अवधि की कार्ययोजना बनाकर चरणबद्ध तरीके से कार्य को आगे बढ़ाया जाना चाहिए।
- बच्चों के लिये पोर्ट फोलियो बनाकर उनके नियमित पढ़ाई की स्थिति से का अवलोकन करना चाहिए।
- बच्चों के लिए कार्य पत्रक / वर्कशीट्स / अभ्यास कार्य की प्रतियां निकाल कर साझा किया जाये ।
- शाला में सुरक्षा संबंधी संसाधन आवश्यक रूप से रखा जाने चाहिए।
- भवन में दरार, बिजली से खुले तार, पानी की टंकी की सफाई के साथ साथ सुरक्षा आडिट कराते हुए आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराने चाहिए।
उपयोगिता प्रमाण पत्र-
उपयोगिता प्रमाण पत्र 2024-25 | Open |
शाला अनुदान सत्रवार विवरण
- शाला अनुदान विवरण-2024-25
- शाला अनुदान विवरण-2023-24
- शाला अनुदान विवरण-2022-23
- शाला अनुदान विवरण-2021-22
- शाला अनुदान विवरण-2020-21
- शाला अनुदान विवरण-2019-20
शाला अनुदान नियमावली
- Cash Book व Ledger Book संधारण
- PFMS Cash Book संधारण
- शाला अनुदान उपयोगिता प्रमाण पत्र
- PFMS में Vender भुगतान प्रक्रिया
- PFMS के Login IDs
- PFMS में Vendor Entry
- PFMS Account में ड्राइंग लिमिट चेक करें
- PFMS Schemes Component जानें
- PFMS Note Sheet – PDF Download
- PFMS Portal में Mobile/Email Updation.
- PFMS शाला अनुदान नोटशीट प्रारुप
- PFMS Cash Book (रोकड़ पंजी )
- PFMS समस्या समाधान।
- PFMS में ePA Payment Actication
- छत्तीसगढ़ भण्डार क्रय नियम 2002
- VMPortal.in


चन्द्रप्रकाश नायक , जो कि वर्तमान में शिक्षक के पद पर कार्यरत हैं . अभी आप Edu Depart में नि:शुल्क मुख्य संपादक के तौर पर अपनी सेवा दे रहे हैं .