हमसे जुड़ें:

Telegram @ WhatsApp @ Facebook @ Twitter @ Youtube

निपुण भारत अभियान – स्कूल शिक्षा प्रणाली की सर्वोच्च प्राथमिकता

840

Get real time updates directly on you device, subscribe now.

निपुण भारत अभियान को समझने से पहले आइये हम कुछ बातों पर विचार करते हैं।

राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 इस बात को बताती है कि इस समय प्रारंभिक स्तर पर पढ़ रहे बच्चों (बाल वाटिका से कक्षा 1,2,3 तक) की बड़ी संख्या ने मूलभूत साक्षरता एवं संख्या ज्ञान को प्राप्त नहीं किया है।

एनईपी, 2020 की मानें तो इस चिंता का तत्काल समाधान जरूरी है ताकि मूलभूत शिक्षण को स्कूलों में ही पूरा किया जा सके। जिससे सभी छात्रों को गुणवत्तापरक शिक्षा-प्राप्ति के अवसर मिल सके।

निपुण भारत अभियान

स्कूल शिक्षा प्रणाली की सर्वोच्च प्राथमिकता

स्कूल शिक्षा प्रणाली की सर्वोच्च प्राथमिकता 2026-27 तक प्राथमिक स्तर पर मूलभूत साक्षरता एवं संख्या ज्ञान की सार्वभौमिक प्राप्ति करना है।

सभी बच्चों के लिए मूलभूत साक्षरता और संख्या ज्ञान प्राप्त करना अब एक महत्वपूर्ण राष्ट्रीय मिशन बन जाना चाहिए। छात्रों को, उनके स्कूल, शिक्षकों, माता-पिता और समुदाय के साथ, सभी संभावित तरीकों से तत्काल सहायता देने और उन्हें प्रोत्साहित करने की जरूरत है। ताकि सभी महत्वपूर्ण लक्ष्यों और मिशन को पूरा करने में मदद की जा सके, जो वस्तुतः पूरे भावी शिक्षण की नींव तैयार करते हैं।

राष्ट्रीय विकास में मूलभूत कौशलों की महत्वपूर्ण भूमिका को ध्यान में रखते हुए, “आत्मनिर्भर भारत” अभियान के तहत यह घोषणा की गई थी कि एक राष्ट्रीय मूलभूत साक्षरता एवं संख्या ज्ञान मिशन की शुरूआत की जाएगी। ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि 2026-27 तक देश में प्रत्येक बच्चा कक्षा-3 में मूलभूत साक्षरता और संख्या ज्ञान को अनिवार्य रूप से प्राप्त कर लेता है।

इस प्रयोजन के लिए, एक रोमांचक पाठ्यचर्या फ्रेमवर्क-बच्चों को अपनी ओर आकर्षित करने वाली अधिगम सामग्री ऑनलाइन एवं ऑफलाइन दोनों मोड में, शिक्षण परिणाम, अध्यापक क्षमता निर्माण और उनके मापन सूचकांक, मूल्यांकन विधि आदि को तैयार किया जाएगा ।ताकि इन्हें चरणबद्ध ढंग से आगे बढ़ाया जा सके।

निपुण भारत अभियान

शिक्षा मंत्रालय द्वारा “राष्ट्रीय साक्षरता एवं संख्या ज्ञान दक्षता पहल (निपुण भारत)” नामक राष्ट्रीय मूलभूत साक्षरता एवं संख्या ज्ञान मिशन की प्राथमिकता के साथ स्थापना की जा रही है। राष्ट्रीय मिशन राज्यों संघ राज्य क्षेत्रों के लिए प्राथमिकताएं और कार्यान्वित की जाने वाली मदों को निर्धारित करता है ताकि प्रत्येक बच्चे के लिए कक्षा-3 तक मूलभूत साक्षरता एवं संख्या ज्ञान में दक्षता के लक्ष्य को प्राप्त किया जा सके।

निपुण भारत अभियान का लक्ष्य

इस मिशन को केंद्र प्रायोजित योजना-समग्र शिक्षा के तत्वाधान में स्थापित किया जाएगा, जो स्कूल शिक्षा के लिए एकीकृत योजना है तथा यह प्री-स्कूल से वरिष्ठ माध्यमिक स्तर को कवर करती है। यह योजना प्री-स्कूल से कक्षा-3 सहित 3 से 9 वर्ष के बच्चों पर ध्यान केंद्रित करती है। उन कक्षा-4 और कक्षा-5 के बच्चों, जिन्होंने मूलभूत कौशलों को प्राप्त नहीं किया है, को आयु अनुरूप और अनुपूरक कक्षा अधिगम सामग्री दी जाएगी ताकि आवश्यक दक्षता हासिल की जा सके।

Get real time updates directly on you device, subscribe now.

Leave A Reply

Your email address will not be published.